INTERVIEW: ये मेरे लिये किसी अचीवमेंट से कम बात नहीं – अक्षय कुमार

1 min


अक्षय कुमार एक ऐसे स्टार हैं जो कमर्शल फिल्मों के अलावा कुछ ऐसी उद्देश्यपूर्ण फिल्में भी करते हैं जिनमें ज्यादातर देश प्रेम झलकता है। सबसे बड़ी बात कि दर्शक ने ऐसी फिल्मों को हमेशा हाथों हाथ लिया है। एक्शन इमोशन और कॉमेडी में महारत हासिल कर चुके इस स्टार को अब फिल्म ‘जौली एल एल बी’ में एक और अलग से रोल में देखा जा सकता है। फिल्म को लेकर अक्षय से एक बातचीत।

एक्शन स्टार से हरफनमौला इमेज तक पहुंचने को लेकर क्या कहना है?

एक वक्त ऐसा आया जब मैं एक्शन फिल्मों से बौर हो चला था लेकिन उन दिनों दूसरी फिल्मों में मुझे कोई लेता नहीं था। क्योंकि उन दिनों मैं सिर्फ एक्शन फिल्में बनाने वाले प्रोडयूसर्स का पंसदीदा हीरो हुआ करता था। अगर कोई एक्टिंग वाली  या कॉमेडी फिल्म है तो वहां मेरी कोई जरूरत नहीं होती थी। यहां मैं निर्देशक प्रियदर्शन का शुक्रगुजार हूं जो ऐसे में उन दिनों उन्होंने मुझमें अपना विश्वास दिखाया और मुझे कॉमेडी रोल्स ऑफर किये। उसके बाद मुझे अलग अलग भूमिकायें मिलनी शुरू हुई।Priyadarshan with akshay kmar

आपकी देश प्रेम दर्शाने वाली फिल्मों की बदौलत आपको मनोज कुमार का उत्तराधिकारी माना जाता है?

मुझे ऐसा नहीं लगता क्योंकि देश प्रेम वाली फिल्मों के अलावा मैं कॉमडी फिल्में करता हूं एक्शन फिल्में करता हूं, इमोशनल फिल्में भी करता हूं। अगर मैंने एयरलिफ्ट या हॉलीडे जैसी फिल्में की हैं तो हाउसफुल जैसी कॉमेडी फिल्म भी की।  आगे मैं एक फिल्म ‘टॉयलेट- एक प्रेम कथा’ कर रहा हूं जो बिलकुल अलग फिल्म है। इसके अलावा रजनीकांत सर के साथ फिल्म ‘रोबोट’  कर रहा हूं, जिसमें मेरा नगेटिव रोल है। वो वक्त चला गया जब किसी स्टार को इमेज में बांध दिया जाता था।

बतौर एक्टर औरों से किस तरह अलग महसूस करते हैं?

सबसे अलग बात तो ये है कि बतौर एक्टर मुझे फिल्म में हर बार एक अलग शख्सियत को जीने का मौका मिलता है। मैं पुलिस ऑफिसर बनता हूं, आर्मी ऑफिसर बनता हूं, आम आदमी बनता हूं अच्छा या बुरा आदमी बनता हूं यानि मैं एक ही जिन्दगी  में कई जिन्दगी जी लेता हूं।huma qureshi_akshay

आप इस फिल्म में लॉयर बने है। आपके मुताबिक एक लॉयर की जिन्दगी में सबसे ट्फ पार्ट कब आता है?

एक लॉयर के लिये सबसे ट्फ होता है सच्चाई का पता लगाना या सच और झूठ के अंतर को पहचानना या फिर  सच को छुपाना ।

कितने ही लोगों का ऐसा मानना है कि आज की न्याय प्रणाली से विश्वास उठ गया है। इस बारे में आपका क्या कहना है ?

ऐसा नहीं है। उदाहरण बतौर आज दो लोगों के बीच कुछ हो जाता है तो उनमें से एक कोर्ट जाने की धमकी देता है। किसी बात को लेकर दो लोग एक दूसरे को कोर्ट का नोटिस भेजते हैं। ये सिर्फ इसीलिये होता है क्योंकि हमें अपनी न्याय प्रणाली पर पूरा विश्वास हैं कि वहां हमें न्याय जरूर मिलेगा।akshay kumar_interview

फिल्म की भूमिका के लिये क्या कुछ तैयारी भी करनी पड़ी ?

नहीं ऐसा कुछ नहीं किया गया। यहां मैं फिल्म के पहले पार्ट के हीरो अरशद वारसी को धन्यवाद देना चाहूंगा क्योंकि उन्होंने भूमिका के लिये पहले ही ऐसा मार्ग बना दिया था, जिसक बादे दूसरे पार्ट में मेरे लिये चलना काफी आसान हो गया था।

रोबोट में आपके लिये रजनीकांत का कहना है कि फिल्म के असली हीरो तो अक्षय कुमार हैं?

सबको पता है कि रजनी सर जितने बड़े एक्टर हैं उतने ही बड़े इंसान हैं। उन्होंने मेरे बारे में कहा कि फिल्म में मेरा बहुत शानदार किरदार है, मेरे लिये तो यही बात किसी अवार्ड से कम नहीं। दूसरे मुझे उनके साथ काम करने का मौका मिला मेरे लिये ये किसी अचीवमेंट से कम नहीं है।


Like it? Share with your friends!

Mayapuri

अपने दोस्तों के साथ शेयर कीजिये