ऑल्ट बालाजी के ‘हाय तौबा’ चैप्टर 3 के चार एक्सप्लोसिव एपिसोड्स में चार महिलाओं ने पुराने सामाजिक रीति-रिवाजों को चुनौती दी

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(ऑल्ट बालाजी को 2 महीने के लिए 100 रुपये, 6 महीने के लिए 199 रुपये और 12 महीने के लिए 300 रुपये में सब्सक्राइब करें )

भारत की पहचान नई सोच के साथ तेजी से बढ़ते देश के रूप में है। हालांकि भारतीय समाज में, खासकर देश में महिलाओं के लिए, अभी भी कई सामाजिक रीति-रिवाज प्रचलित हैं। भारतीय समाज में हमेशा भीतरी तौर पर महिलाओं के लिए ऐसी दबी हुई द्वेषपूर्ण भावना रही है, जो महिलाओं के लिए अपमानजनक हैं। भारत में ज्यादातर महिलाओं को ऐसी शिक्षा दी जाती है कि वे स्वयं को एक बोझ के रूप में देखें, और जिन्हें समाज द्वारा निर्धारित मानदंडों का पालन करना है। पुराने पड़ चुके इन सामाजिक रीति-रिवाजों को तोड़ने के लिए, भारतीय घरेलू ओटीटी प्लेटफॉर्म, ऑल्ट बालाजी, ने विशेष रूप से ‘हाय तौबा’ सीजन 3 लॉन्च किया है। यह चार कहानियों की एक एंथोलॉजी है, जो महिलाओं पर केंद्रित रहेगी और बेहिचक उनके निर्णयों की सराहना करते हुए उन्हें सशक्त बनाएगी।

मई में रिलीज़ हुए इस शानदार और मनोरंजक ड्रामे के पहले दो चैप्टर्स ने सभी को ‘हाय तौबा’ की तरफ आकर्षित किया है। अपने पिछले सीजन की तरह, यह तीसरा सीज़न चार रोमांचक कहानियों का प्रदर्शन करेगा, जिसमें प्रत्येक एपिसोड में मुख्य भूमिकाओं में महिलाओं को सबसे आगे रखा जाएगा। कहानियां एक समय में एक रीति-रिवाज पर ध्यान केंद्रित करती हैं जो अनकहे विषयों को पेश करेंगी, जिनमें एक लड़की के दूसरी महिला के प्यार में पड़ने से लेकर एक दिव्यांग महिला द्वारा प्रेम की तलाश तक शामिल है।

ऑल्ट बालाजी की ‘हाय तौबा’ सीजन 3 चार परिपक्व कहानियों का संकलन है जिसमें महिलाएं प्रमुख भूमिका में हैं। ‘हाय तौबा’ के चार मनोरंजक एपिसोड में पौलोमी दास, अर्शिया अर्शी, आभा पॉल, रुतपन्ना ऐश्वर्या, शुभ्रजीत दत्ता, बासबदत्ता चटर्जी, शैली भट्टाचार्जी, अमिका शैल, साहेब भट्टाचार्जी, एकावली खन्ना, रंजीत पुनिया, स्वाति शर्मा, कपिल आर्य, विक्रांत कौल शामिल हैं।

सीरीज के बारे में बोलते हुए, पौलोमी दास ने बताया कि “एंथोलॉजी में मेरी कहानी बाईसेक्सुअलिटी पर है। समाज में बहुत से लोग बाईसेक्सुअलिटी को स्वीकार नहीं करते हैं। मुझे लगता है कि यह विचित्र बात है; यह कोई मुद्दा नहीं है कि कोई समान जेंडर से प्यार कर रहा है या विपरीत जेंडर से। आखिरकार यह प्यार ही तो है, कोई बीमारी तो नहीं। मैं इस तरह का किरदार निभाने के लिए बहुत खुश और उत्साहित हूं। इसकी शूटिंग शानदार रही है। यह आपके लिए मजेदार, मनोरंजक और शिक्षाप्रद शो होने वाला है।”

मस्तराम जैसी फिल्मों का हिस्सा रह चुकीं और सोशल मीडिया पर बड़े पैमाने पर चर्चित, आभा पॉल ने कहा कि “हाय तौबा हाल के दिनों में मुझे मिले सबसे रोमांचक शो में से एक है। मेरा सेगमेंट विशेष रूप से महिलाओं द्वारा आगे बढ़कर काम संभालने के बारे में है, और मैं बहुत कुछ इससे जोड़कर देख सकती हूं। मुझे यकीन है कि यह कई लड़कियों को प्रेरित करेगा।”

अपने उत्साह को साझा करते हुए, गायिका से अभिनेत्री बनीं अमिका शैल ने कहा कि “मैं बहुत उत्साहित हूं कि शो आखिरकार प्लेटफॉर्म पर आ गया है। शो आखिरकार रिलीज हो रहा है और निश्चित रूप से, इसको लेकर उत्साह अपने चरम पर है। इस तरह की हिट फ्रैंचाइजी का हिस्सा बनने पर मुझे गर्व है।”

‘हाय तौबा’ चैप्टर 3 का कॉन्सेप्ट ऑल्ट बालाजी के हेड ऑफ कंटेंट बलजीत सिंह चड्ढा ने विकसित किया है और इसका निर्माण जसवंद प्रोडक्शंस, ब्लैक स्वान प्रोडक्शंस और की लाइट प्रोडक्शंस ने किया है। ‘हाय तौबा’ चैप्टर 3 महिलाओं पर ध्यान केंद्रित करेगा और बेहिचक उनके निर्णयों की सराहना करते हुए उन्हें सशक्त बनाएगा। नया चैप्टर उन महिलाओं के बारे में होगा जो पुराने पड़ गए सामाजिक रीति-रिवाजों का पालन करने से इनकार करती हैं और अपने नीरस जीवन से बाहर निकलने का फैसला करती हैं ताकि वे वास्तव में अपनी मर्जी से जीवन जी सकें। ये कहानियां समाज द्वारा निर्धारित रीति-रिवाजों और महिलाएं द्वारा इन रीति-रिवाजों पर जीत हासिल करने के बारे में हैं। ‘हाय तौबा’ चैप्टर 3 इन महिलाओं के जीवन के अधूरेपन को स्पष्ट रूप से सामने लाता है और बताता है कि कैसे वे अपनी कमियों को स्वीकार करती हैं और अपने जीवन को पूरी तरह से जीते हुए मौजूदा परिस्थितियों में बदलाव लाती हैं।

 

‘हाय तौबा’ फिलहाल ऑल्ट बालाजी पर स्ट्रीम हो रहा है। सभी चार एपिसोड्स तुरंत देखें

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Mayapuri