INTERVIEW!! “यदि मेरी बायोपिक बने तो बहुत बोरिंग होगी” – ए आर रहमान

1 min


A.r-Rehman.gif?fit=650%2C450&ssl=1

लिपिका वर्मा

ए आर रहमान आत्मीयता से खेल के साथ अब जुड़ना चाहते हैं। “जी हाँ, मैं स्पोर्ट्स पर्सन नहीं हूँ, लेकिन मैंने अब अपनी बेहतरीन तंदरुस्ती की वजह से स्पोर्ट्स फिल्मों ‘पेले बर्थ ऑफ़ अ लीजेंड’ और सचिन की बायोपिक में अपना म्यूजिक दिया है तो अब स्पोर्ट्स की तरफ मेरा रुझान हो चला है।” हंस कर बोले रहमान।

ऑस्कर विजेता ए आर रहमान को ऑस्कर मिलने के बाद उनमें क्या क्या बदलाव आया है इसके बारे में उन्होंने बताया – “ऑस्कर मिलने के बाद ज़िन्दगी बहुत बदल गयी है। अब मुझे स्टेज शो, फिल्म प्रोड्यूस और कुछ भी करना हो तो बड़ी आसानी से कर लेता हूँ। मैं एक बहुत बेहतरीन पिता और हसबैंड भी बन गया हूँ। अपने बेटे और परिवार के साथ ढ़ेर सारी मॉल में शॉपिंग भी की है। दरअसल में अब सारे दरवाजे भी खुल गए हैं हमारे लिए।”

ar-rahman-7592

कुछ सोच कर रहमान और बोले, “देखिये नेशनली या फिर इंटरनेशनली किसी भी फिल्म को म्यूजिक देता हूँ तो अपना स्टाइल उसमें डाल कर ही कोई भी म्यूजिक बनाता हूँ। इस फिल्म, “पेले में ब्राजीलियन यूरोपियन स्टाइल है और उन्होंने मेरा स्टाइल भी उस में मिक्स कर के म्यूजिक बनाने को कहा। यह जान कर बहुत अच्छा लगा कि उन्हें मेरा स्टाइल पसंद है।”

देश में और विदेश में काम करने के अनुभव शेयर करते हुए रहमान बोले, “जब हम अपने देश में काम करते हैं तो हमें ढ़ेर सारी छूट मिलती है किन्तु विदेश में तो वह लोग सब चीज नियंत्रण में रखते हैं बिल्कुल, “माफिया” की तरह। यहाँ काम करना बहुत आसान है किन्तु विदेशी चाह के अनुसार काम करने में सतर्कता बरतनी पड़ती है।

06MPRAHMAN_2725139f

रहमान अपना सक्सेस मंत्र लोगों से शेयर करते हुए बोले, “मेरे लिए मेरा म्यूजिक मुझे लुभाए यह जरुरी है। यदि मैं उसे एन्जॉय करता हूँ तो मुझे यह एहसास हो जाता है कि लोगों को भी अच्छा लगेगा। मैं ही अपने म्यूजिक का सबसे पहला श्रोता होता हूँ उसमें जुनून होना आवश्यक होता है। इससे पहले कि मैं दुनिया के सामने अपना म्यूजिक और गाना परोसूं सबसे पहले मैं उसे चखना चाहूंगा – म्यूजिक मेरा आहार है। मेरी हर एक रचना द्वारा मेरा नया जन्म होता है।”

अपनी फिल्म, “99” को लेकर उन्होंने कहा इसका हीरो कश्मीर से है और हीरोइन अन्य जगह से बिलोंग करती है। मेरी एक फिल्म मणिरत्नम के साथ है और दूसरी फिल्म शंकर के साथ रोबॉट 2 है”

06-1420547594-best-of-ar-rahman

कुछ और पेले से जुड़ाव महसूस करते हुए रहमान बोले, “मेरा जीवन भी पेले से बहुत मेल खाता है। मेरे पिताजी को सारे संघर्ष के बाद जिस दिन सफलता मिली उसी दिन उनका देहान्त हो गया। मेरा ऐसा मानना है कि माता – पिता का प्यार एवं समर्थन हो तो बच्चे को ऊपर वाले का आशीर्वाद मिलता है और ऐसे हर बच्चा सफलता पा लेता है क्यूँकि ऐसे बच्चे मेहनत से पीछे कभी नहीं हटते हैं।

रहमान सोचते हैं कि, “यदि मेरी बायोपिक बने तो बहुत बोरिंग होगी!!” कुछ बोले, “दरअसल में ‘जय हो’ को लेकर एक छोटी सी डॉक्यूमेंटरी तो बनी है मेरी”

 

 


Like it? Share with your friends!

Mayapuri

अपने दोस्तों के साथ शेयर कीजिये