INTERVIEW: आपका अंदर से हेल्थी होना अत्यंत आवश्यक है – शिल्पा शेट्टी

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लिपिका  वर्मा 

शिल्पा शेट्टी ने, ना  केवल अपने  पोषण का ख्याल रखा  है किन्तु उन्होंने योग और व्यायाम द्वारा सारी अवाम को भी शारीरिक फिटनेस का ज्ञान समय समय पर दिया है। फिल्मों में काम करने के बाद शिल्पा ने अपने होम प्रोडक्शन से कुछ फिल्में बनाने की चेष्टा  भी की,किन्तु कोई खास सफलता नही मिल पायी उन्हें खेर कुछ वर्षों से अपने आपको योग से जोड़, शिल्पा  ने हमेशा से, ख़ास तौर से महिलाओं को समय समय पर स्वास्थ्य से जुड़े नुक्से बतलाये है।

फ़िल्मी  दुनिया की जानी मानी हस्ती होने हेतु उनका ऐसा मानना है  कि “यदि मेरी पोजीशन एवम व्यक्तितव की वजह से लोग मेरी बातों  पर विश्वास करते है तो -मैं  उन्हें अपना फिटनेस मंत्र एवम  योग  से जुडी बातें बतलाती हूँ, ताकि हर कोई अपने स्वस्थ को महत्व दे। सो मुझे हमेशा ऐसे ही मंच की खोज  रहती है जहाँ से मैं अपनी बात लोगो तक पहुंचा पाऊँ।”

शिल्पा के साथ लिपिका वर्मा की बातचीत के कुछ अंश –

किस उम्र में आपको अपने एवम अन्य लोगों के  स्वस्थ की  बेहतरी का ख्याल आया?

 अपने पोषण के बारे में हमेशा से ही जागरूक रही हूँ। किन्तु फिटनेस एवम स्वास्थ्य की बेहतरी का मुझे खासकर  तब एहसास हुआ जब मैंने अपने  बच्चे को जन्म दिया। दरअसल में- माँ बनने के बाद मुझे इस बात का एहसास हुआ कि- हमसे जुडी एक महत्वपूर्ण ज़िंदगी को हम इस दुनिया  में लाये  है, तो यह हमारा ही फर्ज बनता है कि  उसको सबसे अच्छा पोषण दिया जाये। यह मैं  इसलिए कह रही हूँ- क्योंकि आज जो हम अपने बच्चो में खान -पान  की आदत डालते है और सही पोषण  उन्हें सही समय पर देते है, यही  उनके स्वास्थ्य  के लिए  आगे चलकर अच्छा होगा।  एक माँ बनने के बाद मुझ में फिटनेस की और जागरूपता आयी है।shilpa-shetty_interview

आप लोगों को अपनी सुंदरता एवम स्वस्थ के बारे में क्या कहना चाहेंगी ? 

 मैं लोगों को यही  कहना चाहूँगी  – मुझे यदि आप लोग सुंदर समझते  है, तो यह मेरा बाहरी  रूप है। दरअसल में, मेरी सुंदरता भीतर से निकलती है। मैं यही  कहना चाहूँगी  यदि आप सही समय पर सही खान – पान लेते है, और वयायाम,योग एवम मैडिटेशन  भी करते है तो आपकी भीतर की सुंदरता बाहर झलकती है। आपका अंदर से हेल्थी होना  अत्यंत आवश्यक है। स्वस्थ  रहोगे तो सुन्दर दिखोगे -बाहरी सुंदरता फिर  सोने पर सुहागा  जैसा काम करती है।

माँ होने के नाते आप सारी माताओ को क्या सन्देश देना चाहोगी ?

 बस मैं यही कहना चाहूँगी – बतौर पेरेंट्स आप केवल अपनी पोजीशन और पैसों के पीछे मत दौड़े। अपने बच्चों को खाने – पीने और व्यायाम करने  की सही सलाह दें। माताओ को पैक्ड फ़ूड और फ़ास्ट फ़ूड से अपने बच्चों को दूर रखना चाहिए। पैक्ड फ़ूड  शरीर को हेल्थी नहीं बनाते है। बच्चो  का विकास सही  करना है तो उन्हें स्वादिष्ट एवम पोष्टिक भोजन  खिलाये। एक और बात जो मैंने अभी सीखी है -अपने बच्चों को उनके खाने का सही तरीका बतलाये – उनमें खाने को  चबाने की आदत डालनी  चाहिए। हमारे पास  32 दाँत जो है – सो खाने  को कम से कम 20 से 25 बारी चबा कर खाने की  आदत डालनी चाहिए  इस से गैस पैदा नहीं होती  है और वह फिट एवम स्वस्थ रहते है।

आप अपनी मेन्टल स्वास्थ्य कैसे  सम्भाले रखती हैं ?

फिल्मी  दुनिया का हिस्सा  हूं ,काफी चीजे  ऊपर नीचे हो जाती है। और उस पर घर की एवम अपने काम की  बाग़  डोर भी सम्भालनी है,तो मैं समय समय पर, “ॐ मन्त्र” बोलती हूँ। प्राणायम करती हूँ, मैडिटेशन भी करती हूँ। मैं लेट पार्टी नहीं अटेंड करती हूँ। यदि जीवन को सही ढंग से जियो तो आप हमेशा खुश ही रहते हो।_0e2b926e-7e24-11e5-8319-3d66022f9dc4

आपके पति राज कुंद्रा भी आपके साथ योग करते है क्या ?

जी नहीं। उन्हें लगता है कि मैं कुछ ज्यादा योग से जुडी हूँ। वह यदा-कदा, एक महीने में एक बारी- रविवार को मन हो तो योग कर  लिया करते है। किन्तु वह नियमित रूप से कार्डियो एक्सरसाइज करते है। वो  जिम में जाकर कर नियमित रूप से व्यायाम  करते है।

आपको देख कर, आपके  सुपुत्र भी योग कर  लिया करते होंगे?

जी हाँ -प्रणयाम  तो कर  ही लेता है मेरा बेटा। पर हाँ उसे इस बात का ज्ञान हो गया है कि – स्वस्थ्य  के लिए कोल्ड ड्रिंक्स अच्छी नहीं है। और पिज़्ज़ा वैगैरह भी नहीं खाता  है। उस में इस तरह का अनुशासन हमने बच्चपन से डाला है । हाँ कभी कभी बच्चो को छूट भी देनी चाहिए।

योग के अतिरिक्त और क्या करती है जिस से आप फिट रहती है ?

देखिये, यह जो कुछ मैं बतला रही हूँ सारी ग्रहणियों  के लिए भी है -मैं घर के भीतर ही काफी चलती हूँ। यहाँ तक की मैं एक मंजिल  से दूसरी मंजिल  हमेशा ही सीढ़ी से चल कर जाती हूँ। ऐसा करने से मैं  काफी फिट महसूस करती हूँ।

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लोगों को अपने आहार के बारे में कुछ ज्ञान दें ?

लोगों को शायद ऐसा लगता होगा की मै खाना  बहुत कम खाती  हूँ। सही मायने में -मै अपने खाने  में घी का बहुत  उपयोग करती हूँ। जब तक चावल पर घी न डाल लूँ  तो चावल स्वादिष्ट नहीं लगता है। आप खाना  अच्छी तरह पेट भर खाये, हमारे देश में – नारियल का तेल है और अन्य तेल भी है जो पोष्टिक है। किन्तु हम विदेशियों के ,”ओलिव आयल ” का सेवन करते है। हमारा खाना  भी बहुत जल्दी बनाया  जा सकता है सो आप अपने घर  का बना खाना ही खाया करे।


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Mayapuri

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