तारीफ एक फिल्मी डॉक्टर की

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मायापुरी अंक 51,1975

अपने पूज्य पिता जी की पूज्य मृत्यु की पच्चीसवीं वर्षगांठ पर आज मुझे बेहद रोना आ रहा है! जब उन्होंने संसार छोड़ा था तब मुझे ठीक से रोना भी नहीं आता था! अब मैं अपनी भारतीय फिल्मों की देखा देखी ढंग से रोना सीख गया हूं तो रोने के लिए पिता जी नहीं है। खैर! मुझे याद है कि जब पिताजी मृत्यु शय्या पर थे तो उन्हें बचाने के लिए ताऊजी ने मेरा मेडीकल बोर्ड बिठा दिया था। पर पिता जी नहीं माने और चल बसे! कुछ दिनों बाद ताऊजी भी चल बसे। आज अगर ताऊजी जिंदा होते तो मैं उनसे जवाब तलब करता कि उन्होंने मेरे पिता जी का इलाज किसी फिल्मी डॉक्टर से क्यों नहीं कराया? काश! उन्होंने ऐसा किया होता तो आज मेरा बाप बाकायदा जिंदा होता और पूरी मौज में हुक्का पी रहा होता।

बहरहाल, मैं फिल्मी डॉक्टर के तजुर्बेकार इलाज पर मर मिटा हूं। बड़े से बड़ा मेडीकल चीफ भी उनका मुकाबला नहीं कर सकता अपने छोटे से रोल में फिल्मी डाक्टर मरीज को चुपचाप चंगा करके चला जाता है और कोई उसे घास भी नहीं डालता। मैं उस पर फिदा हूं। मैंने आज तक कोई फिल्म ऐसी नहीं देखी जिसमें कम से कम एक बार डॉक्टर न आया हो। तीन चार साल पहले एक फिल्म वाले सज्जन मेरे चेहरे की बनावट पर रीझ कर मुझे पोस्टमैन का रोल दे रहे थे। पांच सौ रूपये भी दे रहे थे। मैंने कहा कि भई, तुम पांच सौ रूपये मुझ से लो मगर मुझे डॉक्टर का रोल दे दो वो नहीं माने। पोस्टमैन की शक्ल के आदमी को डॉक्टर कैसे बना देते? लेकिन मामला ठप्प हो गया मैंने फिल्म देखी तो रोना आया कि मुझे से भी कहीं घटिया शक्ल का आदमी ऐनक चढाए डाक्टर का रोल कर रहा है। यकीन मानिए कि वह आदमी आला लटकाने और दवाई का बॉक्स लटकाने के बावजूद अस्पताल बेहतर नज़र आ रहा था मुकद्दर की बात है!

फिल्मी डाक्टर की सबसे बड़ी खूबी यह है कि उसके सारे गुनाह पहले से माफ होते हैं। मसलन हीरोइन के पांव में दर्द है या पैर भारी है और डाक्टर साहब उसके कान में आला लगाकर घोषित कर देते हैं कि वह मां बनने वाली है। अब भला कोई पूछे कि भले आदमी, तुझे उसके कान से क्या आने वाले बच्चे की आवाज़ सुनाई दी थी? एक फिल्म में मैंने यहां तक देखा कि डाक्टर ने आले का एक सिरा बीमार हीरोइन के सीने पर रखा और दूसरा सिरा कान में लगाए बगैर कह दिया कि उसकी आंते खराब हैं। गोया लानत है उन पर जो पांच बरस एम.बी.बी.एस. की पढ़ाई पर सिर खपाते हैं। फिल्म का हीरो कार टक्कर से जिस्म के कई कल पुर्जे तोड़ बैठता है। मगर अगले ही सीन में फिल्मी डॉक्टर के इलाज से दोबारा लड़ने लायक हो जाता है। मेरी अपनी दो अंगुलियों की तीन हड्डियां एक बार खिसक गई थीं तो चार डॉक्टर मिल कर उन्हें पांच महीने में ठीक कर पाए। काश! मैं मुंबई जा कर फिल्मी डाक्टर को दिखाता तो अगली गाड़ी से ही चंगा होकर लौट आता। फिल्मी डॉक्टर की एक खास खूबी यह है कि वह हमेशा बेहतरीन सूट और टाई पहनता है। मेरा अपना डॉक्टर आज भी बुलाने पर तहमद और चप्पल में ही चला आता है। फिल्मी डॉक्टर इतना नेक और हम दर्द होता है कि हीरोइन की मां के मरते ही हीरोइन के सिर और पीठ पर हाथ फेर कर उसे दिलासा देने के लिए सीने से लगा लेता है। और फीस नहीं लेता। आम जिंदगी में डॉक्टर इतनी हमदर्दी दिखाए तो उस का आला इंजेक्शन बिकने की नौबत आ जाए। एक फिल्म में मैंने यहां तक देखा कि डाक्टर साहब ने सिरिंज में दवा भरे बगैर हीरोइन को आस्तीन में इंजेक्शन लगा दिया। हीरोइन अच्छी हो गई, मगर फिल्म फ्लॉप हो गई! डॉक्टर ने इंजेक्शन में दवा भरी होती तो प्रोड्यूसर का दो रूपये का अतिरिक्त घाटा होता। साहब, दूरअंदेशी इसे कहते हैं।

एक अन्य फिल्म में देखता क्या हूं कि एक सीन में जो आदमी डाक्टर है वही अगले सीन में मूंछे उतार कर मोची का रोल कर रहा हैं! गोया फिल्मी डॉक्टर जख्मों की सिलाई भी कर सकता है और जूतों की भी फिल्मी डॉक्टर का एक खास पैंतरा यह भी है कि वह हमेशा अधेड़ उम्र का अधपके बालों वाला होता है! यह समझदारी की बात है! अगर वह जवान हो तो हीरोइन की सेहत और उसके आधे अधूरे कपड़ो से झलकते जिस्म पर मर मिटे और स्टेथेस्कोप-सीरीज वगैरह फेंक कर ‘हाय अम्मा हमा हमा हुम्बा हो हईया -2’ आर.डी. बर्मन की धुनों पर गाने लगे और हीरोइन का इलाज खटाई में पड़ जाए!

फिल्मी डॉक्टर चाहे हीरोइन का चेकअप करे या उस की भैंस का, कभी साबुन से हाथ नहीं धोता! हाथ धोने के आधा मिनट रील और साबुन का खर्च प्रोड्यूसर क्यों बर्दाश्त करे? फिल्मी डाक्टर को यह आज़ादी भी है कि वह नस टटोले बगैर जहां चाहे इंजेक्शन लगा दे! एक सीन में हीरोइन का हाथ जख्मी हुआ! डाक्टर ने उसकी पीठ में इंजेक्शन ठूंस कर फर्माया अब यह ठीक हो जायेगी! हीरोइन ठीक हो गई! न हुई होती तो प्रोड्यूसर डॉक्टर को कच्चा चबा जाता कि आगे आने वाले कैबरे और लवसीन क्या तेरा बाप करेगा? इश्क का इलाज लुकमान के पास नहीं था! फिल्मी डॉक्टर के पास है! वह मरते हुए अमीर हीरो के खून का ब्लड ग्रुप गरीब हीरोइन के खून से मिला देता है! हीरो चंगा हो जाता है और हीरो का बाप हीरोइन की कुर्बानी से खुश होकर उसे बहु बना लेता है! इसमें सारी कुर्बानी डॉक्टर की है जिसने ब्लड ग्रुप मिला दिया!

अब तो यही तमन्ना है कि एक बार फिल्मी ढंग से बीमार पड़ जाऊं और फिल्मी डॉक्टर मेरा इलाज किसी ऐसे अस्पताल में करे जहां अरूणा ईरानी जैसी नर्स तैनात हो अरूणा ईरानी अगर परमानेन्ट नर्स बन जाए तो मैं परमानेन्ट मरीज़ बनने को तैयार हूं!


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Mayapuri

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