बॉलीवुड में छाप छोड़ते ये पाकिस्तानी सिंगर्स

1 min


बॉलीवुड के गानों को दुनियाभर में विशेष पहचान दिलाने में केवल भारतीय सिंगर्स का ही हाथ नहीं है बल्कि पड़ोसी देश पाकिस्तान के भी कई ऐसे सिंगर्स है जिन्होंने एक से एक हिट गाने गाए हैं और वो पिछले कई सालों से अपने गानों से भारतीय श्रोताओं को मंत्र मुंग्ध करते आ रहे हैं। भले ही दोनों देशों में आपसी मतभेद और दूरी रहती हो लेकिन ये दूरी इन सिंगर्स को इनका हुनर प्रदर्शित करने से नहीं रोक सकी। हम आपको बॉलीवुड के  ऐसे ही प्लेबैक सिंगर्स के बारे में बताने जा रहे हैं जो कि पाकिस्तान से हैं, ऐसे सिंगर्स में आतिफ असलम और राहत फतेह अली जैस नाम शामिल हैं..

aatif

आतिफ असलम

आतिफ असलम पाकिस्तान से ताल्लुक रखते हैं और बॉलीवुड के ऐसे प्लेबैक सिंगर हैं जिनको भारतीय के लोगों ने सर आंखों पर बिठाया है। ‘दूरी सही जाए ना’, ‘पहली नजर में’, ‘कुछ इस तरह’ और ‘जीना जीना’ आतिफ असलम द्वारा गाए गए ऐसे गाने हैं जो लोगों के बीच काफी लोकप्रिय रहे। बॉलीवुड में कदम रखने से पहले ये पाकिस्तान की कई फिल्मों में गा चुके हैं। बता दें कि आतिफ असलम फिल्म ‘बोल’ के जरिए एक्टिंग में भी हाथ आजमा चुके हैं, लेकिन एक्टिंग से ज्यादा प्रशंसा इन्हें इनके गानों को ही लेकर मिली।

rahat

राहत फतेह अली खान  

राहत फतेह अली खान को भारत और पाकिस्तान दोनों ही देशों में विशेष पहचान हासिल है इनके द्वारा गाया गाना ‘मैं तुने समझावां’ बेहद पॉपुलर सॉन्ग है इसके अलावा इनके द्वारा बॉलीवुड फिल्मों में गाए गए गानों में ‘अज दिन चडेया’, ‘ओ रे पिया’, ‘मैं जहां रहूं’ और एलबम बैक टू लव का गाना ‘जरूरी था’ बेहद लोकप्रिय रहा। ये साल 2003 में फिल्म ‘पाप’ से लेकर अब तक बॉलीवुड के 45 फिल्मों का हिस्सा रह चुके हैं।

adnan

अदनान सामी

पाकिस्तान की तुलना में अदनान सामी को भारत में कही अधिक लोकप्रियता और शोहरत प्राप्त हुई  अदनान सामी एक बेहतरीन सिंगर होने के साथ साथ एक म्यूजिशियन, एक्टर और पायनिस्ट भी हैं। साल 2002 में इनकी एलबम तेरा चेहरा गानों से काफी प्रसिद्धि हासिल हुई इस एलबम में उनकी को-सिगंर आशा भोंसले थी। ये एलबम उस दौरान की टॉप सेलिंग एल्बम्स में से एक रही इसके अलावा अदनान बॉलीवुड में पचास के लगभग फिल्मों के गानों के अवाज दे चुके हैं।

shafat amanat ali

शफकत अमानत अली

शफकत अमानत अली का पाकिस्तान में एक जाना पहचाना नाम है। शफकत पटियाला घराने की सातवीं पीढ़ी से ताल्लुक रखते हैं पाकिस्तान में तो काफी प्रसिद्ध हैं, शफकत अली खान ने जब से बॉलीवुड में पैर जमाया है भले ही काम कम किया है लेकिन जितना भी किया उसके लिए प्रशंसा के पात्र जरूर बने। बता दें कि शफकत को फिल्म कभी अलविदा न कहना के ‘मितवा’ गान से पहचाना जाने लगा था, इसके बाद इन्होंने बॉलीवुड की कुछ एक फिल्मों में गाना गाया।

 


Like it? Share with your friends!

Mayapuri

अपने दोस्तों के साथ शेयर कीजिये