INTERVIEW: मेरे जैसा स्टंट पूरे विश्व में कोई नहीं कर सकता – विद्युत जामवाल

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बॉलीवुड में बहुत कम समय में एक्शन हीरो के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज करा चुके विद्युत जामवाल एक बार फिर फिल्म ‘कमांडो 2’ में कार के नीचे से स्लिप करते हुए, छोटी छोटी खिड़कियाें से बाहर कूदते हुए दिखाई देंगे। उनका दावा है कि वह जिस तरह का एक्शन करते हैंं, उस तरह का एक्शन पूरे विश्व में कोई नहीं कर सकता और न ही कोई उनकी बराबरी कर सकता है।

फिल्म ‘कमांडो 2’ का प्रमोशन शुरू करने से पहले आप वाराणसी संकटमोचन के दर्शन करने गए थे। इसकी जरूरत क्यों महसूस हुई?

मुझसे लोग पूछते हैं कि आपका फेवरेट सुपर हीरो कौन है? तो मैं हमेशा कहता हूं कि हनुमानजी से बड़ा कोई सुपर हीरो नहीं हुआ है। वह हवा में उड़ते हैं, उन्हें हथियार चलाना भी आता है। वह लोगों की मदद करते हैं। मैं जब भी हनुमान जी के मंदिर के पास से गुजरता हूं, तो उन्हें नमन जरूर करता हूं।

‘कमांडो’ की सीक्वल फिल्म ‘कमांडो 2’ में कितना बदलाव किया गया है?

पहली बात तो इसे सीक्वल फिल्म नहीं कहा जाना चाहिए। बल्कि यह एक फ्रेंचाइजी वाली फिल्म है। जिस तरह से हॉलीवुड में जेम्स बाँड की फ्रेंचाइजी फिल्में बनती रहती हैं, उसी तर्ज पर ‘कमांडो’ की फ्रेंंचाइजी बनती रहेगी। ‘कमांडो 2’ के बाद हम ‘कमांडो 3’ भी लाएंगे।

देखिए, जब मैंने पहली फिल्म ‘कमांडो’ की थी,उस वक्त बॉलीवुड में लोगों को हिलाने की जरूरत थी। किसी कलाकार को एक्शन हीरो के रूप में लांच करना आसान नहीं था। जब विपुल अमृत लाल शाह से मेरी मुलाकात हुई थी, तो मैंने उनको बताया था कि मैं अपने सारे स्टंट खुद ही करना चाहता हूं। क्योंकि मैं निजी जीवन में स्टंट के लाइव शो करता रहता हूं। मैंने उनसे कहा था कि बॉलीवुड में लोगों को हिलाने के लिए यही करना होगा। मैंने ‘कमांडो’ में ऐसे एक्शन दृश्य किए कि लोग देखकर हैरान रह गए। जब हमने ‘कमांडो 2’ पर काम शुरू किया, तो लोग सवाल कर रहे थे कि अब इसमें आप क्या करेंगे? आपने ‘कमांडो’ में सब कुछ दिखा दिया। पर ‘कमांडो 2’ के ट्रेलर ने लोगों की जुबान पर ताला लगा दिया। वह हैरान हैं और बोल नहीं पा रहे हैं। लोग अंदर से हिले हुए हैं। गाड़ी के नीचे से निकलना लोगों को भले आसान लगता हो, पर जान निकल जाती है। मैं तो डमी का उपयोग नहीं करता। मेरे कद काठी का कोई डमी मिलेगा ही नहीं। मैं दावे के साथ कह रहा हूं कि ‘कमांडो 2’ में जो उम्दा एक्शन है, उसे कोई छू भी नहीं सकता। लोग ‘फेसबुक’ पर लिखते हैं कि मैं भारत में सर्वश्रेष्ठ एक्शन कर रहा हूं, पर मैं सभी को बताना चाहता हूं कि मैं पूरे विश्व में सबसे उम्दा एक्शन कर रहा हूं। मैं तो दावे के साथ कहता हूं कि अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कोई भी कलाकार मेरे जैसा एक्शन या स्टंट सीन नहीं कर सकता।vidyut

फिल्म ‘कमांडो 2’ के निर्देशक देवेन भोजानी की पहचान उम्दा हास्य अभिनेता की है। उन्होंने कुछ हास्य सीरियल निर्देशित भी किए हैं। जब कि ‘कमांडो 2’ तो एक्शन फिल्म है। ऐसे में आप दोनों के बीच सामंजस्य कैसे बैठा?

देवेन भोजानी बहुत बड़े स्टार हैं। जब मैं स्टारडम की एबीसीडी भी नहीं जानता था, तब उन्होंने स्टारडम देखा था। कलाकार वही होता है, जो अच्छा अभिनय कर ले। वह बेहतरीन हास्य अभिनेता हैं। इसमें कोई दो राय नहींं। पर वह परदे पर बहुत अच्छा इमोशन भी कर लेते हैं, ड्रामा भी कर लेते हैं। तो उनसे मुझे कलाकार के तौर पर बहुत मदद मिली। वह हर इमोशन को खुद करके दिखाते थे। उन्हें 25 वर्ष का अनुभव है। यह अनुभव वैसे ही बहुत कुछ मजबूत कर देता है। आप जब फिल्म देखेंगे तो आपको अहसास होगा कि उन्होंने एक एक चीज पर ध्यान दिया है।

सीक्वल फिल्म करते समय कितनी जिम्मेदारी बढ़ी?

हमारे सामने बहुत बड़ी चुनौती थी। पहली चुनौती यह थी कि दर्शक पहली फिल्म ‘कमांडो’ में एक्शन के नए आयाम देख चुका था। दूसरी चुनौती यह थी कि आज का दर्शक अंतर्राष्ट्रीय सिनेमा से काफी वाकिफ है। इसलिए हमें इन सबसे कहीं ज्यादा खतरनाक एक्शन करके दिखाना था। तो हमने वही किया है। इस फिल्म में हमने चलती कार के सामने खतरनाक एक्शन किए हैं। एक सीन में हम चलती कार के अंदर घुसते हैं। कार के नीचे से निकलते हैं। सच कहूं तो ‘कमांडो 2 : द ब्लैक मनी ट्रायल’ में हमने जो एक्शन किए हैं, वह पूरे विश्व में किसी ने नहीं किया है। तो इस बार भी लोगों को एक्शन का नया रंग देखने को मिलेगा।isha gupta_vidyut jamwal

आप एक्शन दृश्यों का निर्देशन खुद क्यों करते हैं?

हम गैर फिल्मी परिवार के बच्चे हैं। हमें अपनी प्रतिभा को बार बार साबित करना पड़ता है। इसलिए हमें एक्शन में भी एक नया बेंच मार्क स्थापित करना है। इसीलिए हम खुद अपने एक्शन व स्टंट दृश्यों की कल्पना करते हैं और उसे खुद ही निर्देशित करते हैं। हमारी अपनी पूरी टीम है। हम अपनी उपलब्धि तभी जाहिर कर सकते हैं, जब हम खुद उस चीज को अपनाएं। तो हम बिना केबल के एक्शन करते हैं। हमारे एक्शन देखते हुए कई अंतर्राष्ट्रीय स्टेट निर्देशकों ने बधाई भेजी है। देखिए, मुझे जो भी छोटा मौका मिलता है, उसमें मुझे खुद को बेहतर साबित करना होता है। इसलिए इस बार मैंने छोटी खिड़कियों से कूदने, एक बिल्डिंग से दूसरी बिल्डिंग पहुंचने के अति खतरनाक एक्शन सीन भी किए हैं।vidyut jamwal_interview

‘कमांडो 2’ के आपके किरदार का ग्राफ किस तरह से आगे बढ़ता है?

देखिए, फिल्म ‘कमांडो’ की ही तरह सीक्वल फिल्म ‘कमांडो 2’ में भी वही किरदार है। यह एक पूर्व कमांडो करणवीर सिंह डोगरा है। पर मिशन बदलता रहता है।‘कमांडो 2’में ब्लैक मनी का मुद्दा है। हमने सुना है कि भारत का सारा काला धन विदेशों में है। हमारी फिल्म भी एक काल्पनिक कहानी है। इस कालेधन को पकड़ने के लिए हमें विदेश जाना पड़ता है।

आप अपने हर स्टंट खुद ही निर्देशित करते हैं?

इसकी मूल वजह यह है कि मेरा बॉडी डबल नहीं है। मेरे कद काठी का कोई इंसान स्टंट करते हुए पूरे विश्व मेंं नहीं मिलेगा, इसलिए मैं अपने स्टंट खुद ही निर्देशित करता हूं। मुझे लोगोें को करके दिखाना पड़ता है कि मैं यह भी कर सकता हूं।C28a44gXEAQ9vXV

‘कमांडो’ से शोहरत बटोरने के बाद आपने ‘बुलेट राजा’ में छोटा सा किरदार निभाया। यह बात समझ में नहीं आयी?

तिग्मांशु धुलिया जिस तरह की फिल्में बनाते हैं, उससे मैं बहुत प्रभावित था। मैंने बचपन मे उनके द्वारा निर्देशित फिल्म ‘हासिल’ देखी थी। ऐसी फिल्म बनाना हर निर्देशक के बश की बात नहीं है। मैं उनके साथ फिल्में करना चाहता था। मैं उन्हें प्रभावित करना चाहता था कि आप मुझे अपनी अगली फिल्म में हीरो लो। इसलिए मैंने ‘बुलेट राजा-में छोटा सा किरदार निभा लिया। उस छोटे से किरदार में मैंने इतना बेहतरीन काम किया कि उन्होंने मुझे उसके बाद फिल्म ‘यारा’ में हीरो बना दिया।

फिल्म ‘यारा’ को लेकर क्या कहेंगे?

तिग्मांशु धुलिया ने इस फिल्म का निर्माण किया है। बहुत बेहतरीन फिल्म बनी है। उनके जैसे निर्देशक हिंदुस्तान में बहुत कम हैं। मैं तो उनका बहुत बड़ा प्रशंसक रहा हूं। उनके साथ काम करने के बाद और ज्यादा प्रशसंक हो गया। यह एक एक्शन ड्रामा फिल्म है। बल्कि रोमांटिक डमा फिल्म कहना ज्यादा अच्छा होगा। इस फिल्म में अभिनय करके बहुत मजा आया।

आप उनकी किन फिल्मों की वजह से उनके फैन बने?

उनके अंदर इमानदारी है। मैंने उनको सेट पर शिद्दत के साथ काम करते हुए देखा है। ‘पानसिंह तोमर’ जैसी फिल्म वही बना सकते हैं। हर कोई नही बना सकता है।vidyut jamwal

आप किस कैंप से जुड़े हैंं?

विपुल शाह कैंप। उनके साथ चार फिल्में कर चुका हूं।

अभिनय में एक्शन के अलावा क्या पसंद है?

रोमांस व ड्रामा।

पर आप एक्शन हीरो की इमेज में कैद होते जा रहे हैं?

मैं बहुत बड़ा मार्शल आर्टिस्ट हूं। तो वहीं मैं बहुत अच्छा डाँस भी कर सकता हूं। पर सही मौका नहीं मिल रहा। लेकिन मुझे एक्शन हीरो की इमेज भी पसंद है। समय के साथ मैं विविधतापूर्ण किरदार निभाते हुए नजर आऊंगा।


Mayapuri