Elvish Yadav: एल्विश यादव को सुप्रीम कोर्ट की फटकार, वेनम केस में दो हफ्ते में मांगी रिपोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने यूट्यूबर एल्विश यादव को सांप जहर मामले में कड़ी फटकार लगाई है और दो हफ्ते में विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।

एल्विश यादव पर आरोप है कि उन्होंने नोएडा में कथित रेव पार्टियों में सांप के जहर का उपयोग किया, जो कि अवैध है और वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 के तहत अपराध है।

अदालत ने कहा कि अगर प्रसिद्ध व्यक्ति संरक्षित प्रजातियों का दुरुपयोग करते हैं, तो इससे समाज में गलत संदेश जाएगा।

एल्विश यादव की ओर से दलील दी गई कि सांप उनके नहीं थे और वह केवल एक म्यूजिक वीडियो में गेस्ट अपीयरेंस के लिए शामिल हुए थे।

बचाव पक्ष ने कहा कि सांपों की व्यवस्था और हैंडलिंग अन्य लोगों द्वारा की गई थी, और निर्माता ने आवश्यक अनुमति ली थी।

शिकायतकर्ता के वकील ने दावा किया कि चार्जशीट में पायथन को जहरीला बताया गया था, जिस पर अदालत ने संदेह जताया।

मामला नोएडा में कथित 'सांप जहर रेव पार्टी' से जुड़ा है, जिसमें आरोप है कि कोबरा समेत संरक्षित प्रजातियों के सांपों का अवैध रूप से उपयोग हो रहा था।

एल्विश यादव को पहले 50,000 रुपये के मुचलके पर जमानत मिल गई थी, और अब सुप्रीम कोर्ट ने मामले को दो हफ्तों के लिए स्थगित कर दिया है।

अदालत ने अभियोजन पक्ष को निर्देश दिया है कि वे स्पष्ट करें कि क्या आवश्यक अनुमति ली गई थी और कानून का उल्लंघन हुआ है या नहीं।

इस मामले की अगली सुनवाई पर सबकी नजरें टिकी हैं, जहां यह तय होगा कि एल्विश यादव के खिलाफ कानूनी कार्रवाई आगे बढ़ेगी या नहीं।