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सलमान खान को 30 अप्रैल तक मार देने की धमकी देने वाला चढ़ा पोलिस के हत्थे

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By Sharad Rai
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सलमान खान को 30 अप्रैल तक मार देने की धमकी देने वाला चढ़ा पोलिस के हत्थे

पिछले दिनों इस खबर ने सलमान खान के चाहने वालों का दिल दहला दिया था कि सुपर सितारे भाई जान को 30 अप्रैलतक जान से मार डालने की धमकी किसी ने दिया है. यह धमकी सलमान के ऑफिस की ईमेल पर लगभग 15 दिन पहले आयी थी जिसकी एफआईआर पोलिस में कर दी गयी थी. बात यहीं नहीं रुकी, अति उन्मादित धमकीबाज ने एक कदम और आगे बढ़कर इस सोमवार को सवा नौ बजे के पास सीधे पोलिस स्टेशन में फोन भरी धमकी दे डाला. बोला- वह सलमान को खतम कर देने वाला है और पोलिस सलमान के यहां यह सूचना पहुचा दे. कहकर उसने फोन कट कर दिया .जब उसकी काल पर नम्बर लगाकर पूछा गया कि वह कौन है? तो जवाब था-रॉकी भाई- गौ रक्षक.

हालांकि पहले ईमेल आने की बात पर पुलिस ने इस धमकी को किसी मनचले का आया हुआ ईमेल ही समझा था और सलमान खान को Y+ केटेगरी की सुरक्षा पहले से दे रखा था, वावजूद इसके जब उस व्यक्ति ने पुलिस स्टेशन में धमकी देने का दुःसाहस किया तो पोलिस के कान खड़े हो गए. मुम्बई पोलिस तुरंत सक्रिय हो गई. पोलिस ने धमकी देने वाले के फोन को ट्रेप करने की कोशिश किया, फोन स्विचऑफ बता रहा था. बन्द फोन की लोकेशन सर्च कर ली गयी, जो मुम्बई के पास थाना जिले के पास के स्थान की थी. पोलिस ने तीन टीमें तैयार किया जिसमें महिला और पुरुष ऑफिसर्स लगाए गए. पहली टीम में आठ लोग उस स्थान की तरफ चल पड़े जहां फोन की लोकेशन इंडिकेट हुआ था. पोलिस की एक टीम टेक्निकल/कम्प्यूटर ड्यूटी पर बैठी और तीसरी टीम सहयोगी टीम के तौर पर रात भर काम पर लग गयी.

टेक्निकल टीम ने जानकारी पहली टीम को भेजा कि फोन एकबार रात में डेढ़ बजे आन होकर ऑफ कर दिया गया था. उस समय की लोकेशन इंगित हुआ था पडघा  का जो थाने जिले में ही था. पोलिस सादे ड्रेस में उस जगह के इर्दगिर्द फैल गयी. सुबह 7.30 बजे फिर एकबार फोन की लोकेशन से पता चला था कि वे पडघा से डोलखम्ब के रास्ते में हो सकते हैं. आखिर, बाइक पर जा रहे दो युवकों पर डाउट गया और पोलिस ने उन्हें धर दबोचा. उनमें से एक लड़के ने खुद को गौ रक्षक बताते हुए कबूल किया कि वो धमकियां उसी ने दिया था. हैरानी की बात यह है कि जिस लड़के ने अपने फोन से धमकियां दिया था...उसकी उम्र सिर्फ 16 साल है और वह 10 दिन पहले ही जोधपुर (राजस्थान) से नौकरी करने के लिए अपने कजिन के पास आया था. उसका दोस्त इमिटेशन ज्वेलरी का काम करता था.

पोलिस ने अंडर एज उस रॉकी भाई को जुविनायल जस्टिस नियमों के तहत चिल्ड्रेन्स होम में भेज दिया है. जरूरी जानकारी प्राप्त कर लेने के बाद, कक्षा नवी फेल इस लड़के को उसके मां बाप को सौंप दिया जाएगा. सवाल है क्या मां- बाप की जिम्मेदारी नही होती कि बच्चों को सही मार्ग दर्शन दें और  ध्यान दें कि उनका बच्चा किस दिशा की ओर जा रहा है?

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