आज की टॉप डिजाइनर शबनम गुप्ता अपने डिजाइनों में बुनती है कहानियां और बदलती है सपनो को हकीकत में

| 08-12-2022 5:46 PM 167

भारत की चंद टॉप की इंटीरियर डिजाइनर्स में से एक है शबनम गुप्ता जिन्हें भारतीय रचनात्मकता की क्वीन माना जाता है. हालांकि वो प्रोफेशन से एक पारंगत डिजाइनर है लेकिन अंतर्मन से वे एक चिंतक और मष्तिष्क से एक आविष्कारक है. वे अपनी डिजाइनों में बुनती है कहानियां और सपनों को हकीकत में बदलती है. देश के सर्वश्रेष्ठ प्रतिष्ठित प्रोजेक्ट्स की लीक से हटकर इंटीरियर डिजाइनिंग के पीछे शबनम गुप्ता की  अंतर्दृष्टि और मष्तिष्क है. वह एक उत्कृष्ट कहानीकार भी है जिसकी झलक उनकी प्रत्येक कृति में अवलोकित होती है.

अनेक प्रेस्टीजियस अवार्ड्स और सम्मान हासिल कर चुकी  इंटीरियर डिजाइनर शबनम गुप्ता, एक सुन्दर, उज्ज्वल, रूप तथा स्वभाव की मितभाषी स्त्री है लेकिन बात जब रचनात्मकता की आती है तो उनके मन मस्तिष्क में सागर की लहरों जैसी एक बेचैनी और क्रिएटिव तरंगो की उबाल किसी ज्वालामुखी की तरह अशांत और धधकती सी दिखाई देती है जिसके  तहत उनकी निडरता और दबंग ऊर्जा उनके प्रत्येक प्रोजेक्ट में मुखर हो जाती है. इंटीरियर डिजाइनिंग में स्पष्टता हमेशा से उनकी विशिष्टता रही है और उनके प्रैक्टिकल, फैशनेबल, प्रैगमेटिक दृष्टिकोण के चलते, उनके सारे प्रतिष्ठित प्रोजेक्ट्स ज़बर्दस्त रूप से फलीभूत हुई. 

आज जानी मानी हस्तियों, बॉलीवुड सेलिब्रिटीज़ के विशाल घर आंगन, या रेस्तरां शृंखलाओं, विशाल ऑफिस, हर प्रकार के सेंटर्स या कोई भी स्पेस, उनके द्वारा की गई अंदरुनी आकर्षक डिजाइन, स्टाईल, सजावट, एक मिसाल की तरह देश विदेश में चर्चा का विषय है. शबनम द्वारा डिजाइन की गई प्रोजेक्ट्स की मौलिकता, कलात्मकता हर बार कालातीत कहानियाँ बन जाती है और हो भी क्यों नहीं, आखिर वे विश्वप्रसिद्ध स्टोरी टेलर, कहानीकार, रचनाकार, फिल्म टीवी जगत के दिग्गज निर्माता निर्देशक और मॉडर्न ज़माने के तुलसीदास माने जाने वाले डॉक्टर रामानंद सागर जी की पोती और विश्वप्रसिद्ध गोल्ड मेडलिस्ट सिनेमैटोग्राफर, फ़िल्म/टीवी सीरीज़ निर्माता, निर्देशक, ऑथर, श्री प्रेम सागर जी की बेटी है, तो जाहिर है, शबनम के सोच की उर्वरता असीम है. उन्होंने अब तक बॉलीवुड के कई टॉप स्टार्स के घरों को डिज़ाइन की है जैसे इरफान खान, कंगना रनौत, परिणति चोपड़ा.

शबनम जब किसी प्रोजेक्ट के इंटीरियर डिजाइनिंग की जिम्मेदारी उठा लेती है तो वो अनायास प्रिंट, कलर, पैटर्न के ग्रंथन को अद्भुत, अकल्पनीय, पेचीदगी के साथ रचने के बावजूद उनमें सामंजस्यपूर्ण सौंदर्य प्रस्फुटित कर देती है. वाकई उनके द्वारा किए जाने वाले काम में बहुत अधिक विवरण और बहुत अधिक विजुएलिटी है. 2003 में शबनम ने एक लंबी छलांग लगाते हुए, 'द ऑरेंज लेन' की शुरुआत की थी , जो एक बहु-विषयक डिजाइन फर्म है, जो अंदरूनी और वास्तुशिल्प परियोजनाओं में पारंगत है. वक़्त के साथ, शबनम के आतिथ्य परियोजनाओं के पोर्टफोलियो में  तीव्रता आने लगी. आगे चलकर उन्होंने इसे एक ऐसी शैली में विकसित किया जो बहुस्तरीय, सुरुचिपूर्ण, विचित्र, अद्वितीय और अद्भुत है. 

शबनम ने कहा कि वो किसी भी तरह के छोटे, बड़े स्थलों को एक कहानी की तरह बुनती हूँ. ऑरेन्ज लेन जहां शबनम की कल्पना का आकार है, वहीं पिकॉक लाइफ उनके सृजनात्मक खेल का एक बृहद मैदान है. शबनम के अटूट विश्वास पर खड़ा, पीकॉक लाइफ के विशिष्ट, विचित्र और विस्तृत प्रॉडक्ट्स श्रृंखला की एक झलक देखकर ही इस बात की पुष्टी हो जाती है. शबनम के अनुसार, 'डिजाइन सभी के लिए है ना कि सिर्फ अभिजात वर्ग के लिए." शबनम गुप्ता निर्मित पिकॉक लाइफ अपनी सुंदर डिज़ाइन कृत सजावट के माध्यम से प्रकृति का जश्न मनाती है.

पिकॉक लाइफ में निर्मित प्रत्येक पीस का डिजाइन, बनावट, भारतीय पहलुओं को अपने विशिष्ट रीसाइकेल्ड चरित्र के साथ जोड़ता है, और उन्हें स्टेटमेंट पीसेस के रूप में चमत्कृत कर देता है. शबनम द्वारा रची गई प्रत्येक प्रोजेक्ट की आंतरिक सज्जा, अद्भुत रूप से अपरंपरागत और एक जुनूनी एहसास लिए, भावुक डिजाइन से ओतप्रोत है, जो उनकी अनूठी सोच और बेजोड़ रचनात्मकता को रेखांकित करती है जिसकी प्रेरणा, शबनम के अनुसार उन्हें प्रकृति से, प्राप्त होती है. उन्होंने कहा, "मैं जीवन के सिम्पल चीजों से प्रेरित होती हूँ, चाहे वह प्रकृति हो, भावना हो, कोई इंसान हो या फिर कोई  टेक्सचर, कोई शैडो, ट्रैवलिंग, यानी कुछ भी, जो मुझे सोचने पर मजबूर करती है."  

शबनम कहतीं हैं, "मेरे लिए डिजाइन मेरे ही पर्सनालिटी का एक्सटेंशन है, मेरे काम का सबसे खूबसूरत एहसास मेरे लिए, अपने विज़न को धीरे धीरे अनफोल्ड होते हुए भी देखना है." उनकी क्रियाशीलता में समकालीन आधुनिकता के साथ साथ, पारंपरिक प्रतीकवाद और अद्भुत दृश्य के संयोजन भी होता है, लेकिन इन सबके बीच वो अपनी क्लाइंट  की इच्छाओं को भी वरीयता देना नहीं भूलती और अगर क्लाइंट चाहे तो देहात की मिट्टी का सौंधापन भी उभार लाती है अपने डिज़ाइन्स में. इरफान खान का विशाल घर प्रांगण हो या कंगना रनौत का पहाड़ी महल, या परिणीति चोपड़ा का स्वप्न नगरी, शबनम ने इन्हें वो रूप और सज्जा से सजाया कि दुनिया देखती रह गई और उनके इंटीरियर डिज़ाइन और प्रत्येक प्रोजेक्ट ने डेकोरेशन की एक मिसाल कायम कर दी.

शबनम की डिजाइनिंग सिर्फ सेलिब्रिटी घरों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि फैक्ट्री, स्टॉक एक्सचेंज के उल्लेखनीय अंदरूनी हिस्सों, ऑफिस, फार्महाउस, शो रुम, ऑफिस, दुकान विमान नगर, हर जगह शबनम की रचनात्मकता की छाप का नर्तन है और ढेर सारे पुरस्कारों की धनी शबनम की जुनूनी अनूठी शैली कुछ ऐसा जादू  जगाती है कि जैसे हर स्पेस एक कविता बन जाती है और हर डिज़ाइन गुनगुनाने सा लगता है. शबनम अपनी कलात्मक स्टाईल से चिर नूतन डिज़ाइन बुनती है, बुनती रहेगी निरंतर.