लगता है कोरोनावायरस पर कमाल आर खान उर्फ केआरके की बद्दुआ काम कर गई…!

1 min


Kamaal R Khan

आज बद्दुआ बनकर देश में घुस चुकी है कमाल आर खान की दुआ

आज खुश तो बहुत होगे तुम….भई मुराद जो पूरी हुई है। जो मांगी थी दुआ वो असर लाई। ऐसा तो बहुत ही कम देखने और सुनने को मिलता है कि जो मांगा वो मिल ही गया। लगता है हमारे पाठकों को कुछ याद नहीं आ रहा। भई…ज़रा याद्दाश्त पर ज़ोर तो डालिए हो सकता है कुछ याद आ जाए। तीन हफ्ते पहले की ही तो बात है। जब कोरोनावायरस ने चीन में कहर मचाया था। लोग सैंकड़ों की संख्या में मर रहे थे और भारत में उसी कोरोनावायरस को आने का न्यौता दिया जा रहा था। बाकायदा दुआ मांगी जा रही थी उस शक्ति से जिसके दम पर ये दुनिया कायम है। जिसने कोरोनावायरस के भारत आने की दुआ मांगी थी उस महान शख्यियत का नाम था – कमाल आर खान उर्फ केआरके।

कमाल आर खान ने किया था ट्वीट

यही तो वो ट्वीट था जो तीन हफ्ते पहले केआरके यानि कमाल आर खान ने अपने ट्विटर अकाउंट से शेयर किया था। मांगी थी अल्लाह से दुआ कि कोरोनावायरस जल्द से जल्द भारत आ जाए। भले ही इसके पीछे इरादा नेक था लेकिन शायद इन्हे कोरोनावायरस की ताकत और असर का अंदाज़ा रत्ती भर भी नहीं था। तभी तो ऐसी दुआ मांगने की हिमाकत कर डाली और आज ये दुआ, बद्दुआ बनकर पूरे भारत को अपनी चपेट में ले चुकी है। 

हज़ार बार जो मांगा करो तो क्या हासिल

दुआ वही है जो दिल से कभी निकलती है

लगता है कमाल आर खान की ये बद्दुआ जिसे वो दुआ समझते थे, दिल से निकली थी तभी तो उसका असर हुआ। वो भी इतनी तेज़ी से। इनकी दुआओं के कारण ही तो लोग आज घरों में कैद हैं, बाज़ार बंद हैं, काम धंधा बंद है, ट्रेनें बंद, संचार के सभी साधन ठप, खौफज़दा लोग हैरान हैं परेशान हैं…करें तो आखिर करें क्या। ना दवा और ना ही दुआ। क्योंकि दुआ तो कमाल आर खान की ही कुबूल हुई है। 

 जब दुआओं में था असर, तो मांग लेते ऐसा कुछ….

लेकिन जनाब जब मांग ही रहे थे तो देश में शांति मांग लेते, गरीबी से छुटकारा, बेरोज़गारी से निज़ात मांग लेते। मांग लेते देश की उन बेटियों की सुरक्षा जो शाम होते ही घर की चारदीवारी में रहना ही पसंद करती है। मांग लेते सरहद पर सुकून ताकि शहीद ना होते देश के लाल, मांग लेते कुछ ऐसी दुआ कि अपने ना बहाते अपनो का खून। और अगर अब भी है आपकी दुआओं में वाकई असर। तो मांग लीजिए खुदा से वो पहले जैसी तस्वीर। सड़कों पर चलते लोग, घर के बाहर खेलते बच्चे, पार्कों में ठहाके लगाते बुजुर्ग, नौकरी के लिए सुबह सवेरे घरों से निकलते लोग, बाज़ारों में वहीं रौनक जो अब कही खो गई है। आप ही कर सकते हैं ये कमाल आर खान क्योंकि आप ही की तो दुआ और बद्दुआओं में है इतना असर।

और पढ़ेंः हार्वे वेंस्टीन / यौन शोषण मामले में 23 साल की हुई थी सज़ा ,अब न्यूयोर्क की जेल में हुआ कोरोना वायरस


Like it? Share with your friends!

अपने दोस्तों के साथ शेयर कीजिये